परिचय
मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान (MJSA) राजस्थान सरकार की एक प्रमुख जल संरक्षण और जल स्वावलम्बन की पहल है, जिसका उद्देश्य राज्य को पानी के संदर्भ में आत्मनिर्भर बनाना है। राजस्थान एक मरू प्रदेश है जहाँ वर्षा कम होती है और जल स्रोत जल्दी सूखते हैं, इसलिए राज्य में पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करना हमेशा चुनौती रहा है। इसी चुनौती का समाधान करने के लिए मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान की शुरुआत वर्ष 2016 में की गई थी।
यह अभियान पारंपरिक जल स्रोतों का पुनर्जीवन, वर्षा जल संचयन, भूजल स्तर बढ़ाना, जल संरचनाओं का निर्माण और मरम्मत जैसे कार्यों के माध्यम से गाँवों को जल संकट से उबारने का प्रयास करता है। इसका उद्देश्य सिर्फ पानी बचाना ही नहीं बल्कि ग्रामीण समुदायों को पानी के प्रबंधन में सक्रिय भागीदारी देना भी है।
राजस्थान सरकार ने योजना का दूसरा चरण “मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान 2.0” भी प्रारम्भ किया है, जिसमें अगले चार साल में 20,000 गांवों में 5,00,000 जल संचयन संरचनाओं का निर्माण और मरम्मत का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
योजना का उद्देश्य
मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान के मुख्य उद्देश्य इस प्रकार हैं:
- वर्षा जल संचयन को बढ़ावा देना और भूजल स्तर को पुनर्जीवित करना।
- ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की उपलब्धता को स्थायी और आत्मनिर्भर बनाना।
- पारंपरिक जल स्रोतों और नई जल संरचनाओं का पुनर्निर्माण तथा संरक्षण।
- समुदाय आधारित जल बजट और जल प्रबंधन के माध्यम से सतत जल उपयोग को सुनिश्चित करना।
योजना के प्रमुख लाभ
मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान के मुख्य लाभ निम्न हैं:
- पानी की उपलब्धता में सुधार और भूजल स्तर का संरक्षण।
- गाँवों में कृषि योग्य जल की उपलब्धता बढ़ती है, जिससे किसान को लाभ होता है।
- ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट कम होता है और लोगों को पीने का पानी आसानी से मिलता है।
- पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ जल प्रबंधन को बढ़ावा मिलता है।
पात्रता (Eligibility Criteria)
यह योजना राजस्थान राज्य के सभी ग्राम पंचायतों और ग्रामीण समुदायों के लिए लागू है।
✔ राज्य का कोई भी ग्राम (village) जहाँ जल संरक्षण की आवश्यकता है, इस अभियान के तहत शामिल किया जा सकता है।
✔ ग्रामीण समुदाय, पंचायत, जल उपयोग समूह आदि इस योजना के कार्यों में भाग ले सकते हैं।
आवश्यक दस्तावेज
यह योजना लाभार्थी-आधारित नहीं है, बल्कि पूरे गांव/समुदाय स्तर पर जल संरचनाओं और गतिविधियों को लागू करने पर केंद्रित है। इसलिए व्यक्तिगत दस्तावेजों की आवश्यकता आमतौर पर नहीं होती।
हालाँकि, यदि किसी ग्राम पंचायत के द्वारा आवेदन या प्रस्ताव प्रस्तुत करना हो तो निम्न दस्तावेज उपयोगी हो सकते हैं:
- ग्राम पंचायत का प्रस्ताव / आवेदन
- पंचायती राज विभाग द्वारा जारी पहचान/प्रमाण पत्र
- भूमि स्वामित्व या जल स्रोत से सम्बंधित स्थल विवरण
ध्यान दें: योजना आम नागरिक के व्यक्तिगत आवेदन से नहीं बल्कि सरकारी तथा पंचायत-स्तर पर कार्यान्वयन द्वारा लागू होती है।
योजना के तहत मिलने वाली सहायता / राशि / लाभ
मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान सीधे नकद सहायता प्रदान नहीं करता, बल्कि इसके प्रमुख लाभ इस प्रकार हैं:
✔ गाँवों में जल संचयन संरचनाओं का निर्माण (जैसे जोहड़, परकोलेशन टैंक, एनीकट आदि)।
✔ पुराने जल संरचनाओं की मरम्मत और पुनर्निर्माण।
✔ भूजल स्तर में सुधार और उपलब्धता में वृद्धि।
✔ सामुदायिक भागीदारी के माध्यम से जल संसाधनों का बेहतर प्रबंधन।
आवेदन प्रक्रिया (Online / Offline – Step by Step)
चूंकि यह योजना ग्राम-स्तर पर लागू होती है और राज्य सरकार / पंचायती राज विभाग के माध्यम से कार्यान्वित होती है, इसलिए किसी व्यक्ति के लिए सीधे “आवेदन लिंक” उपलब्ध नहीं होता।
लेकिन अगर ग्राम पंचायत या संस्थागत आवेदन करना चाहती है तो सामान्य प्रक्रिया इस प्रकार है:
Offline / Formal Proposal
- पंचायत समिति में जल संसाधन समस्या और समाधान प्रस्ताव तैयार करें।
- प्रस्ताव को जिला पंचायती राज/जल ग्रहण विकास एवं भू-संरक्षण विभाग को प्रस्तुत करें।
- विभाग द्वारा प्रस्ताव का समीक्षा और स्वीकृति।
- स्वीकृत कार्यों की स्थानीय कार्यान्वयन योजना तैयार की जाती है।
- कार्यों की भूमि-परीक्षा एवं बजट आवंटन।
- जल संरचना निर्माण/मरम्मत कार्य की शुरुआत।
Latest Updates / Facts / Data (2026)
MJSA 2.0 प्रगति समीक्षा (जनवरी 2026):
राज्य प्रशासन ने अभियान-2.0 के कार्यों की समीक्षा करते हुए आदेश दिए हैं कि पहले चरण के लक्ष्यों को मार्च 2026 तक पूरा किया जाए और दूसरे चरण की तैयारी को जून 2026 में पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।
जल स्वावलम्बन पखवाड़ा:
विश्व पर्यावरण दिवस (5 जून 2025) के अवसर पर जल स्वावलम्बन पखवाड़ा चलाया गया, जिसमें वर्षा जल संचयन, जल स्रोतों की सफाई और अन्य गतिविधियाँ शामिल हैं।
आधिकारिक वेबसाइट व हेल्पलाइन
राजस्थान सरकार के पंचायती राज विभाग के संबंधित पृष्ठ पर केंद्रीय और राज्य-स्तरीय योजनाओं की जानकारी मिल सकती है।
राजस्थान MJSA आधिकारिक पोर्टल (राजस्थान सरकार):
https://lsg.urban.rajasthan.gov.in/content/raj/mjsa/en/home.html
महत्वपूर्ण प्रश्न (FAQs)
1. मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान क्या है?
यह राजस्थान सरकार की जल संरक्षण और ग्रामीण जल आत्मनिर्भरता योजना है।
2. इस योजना की शुरुआत कब हुई थी?
मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान की शुरुआत 27 जनवरी 2016 को हुई थी।
3. MJSA 2.0 क्या है?
यह योजना का दूसरा चरण है जिसमें अगले चार वर्षों में जल संचयन संरचनाओं का विस्तार लक्ष्य रखा गया है।
4. क्या इस योजना में व्यक्तिगत आवेदन किया जाता है?
नहीं, यह योजना ग्राम-स्तर पर सरकारी कार्यान्वयन द्वारा लागू होती है।
5. इस योजना से लाभ कैसे मिलता है?
पानी की उपलब्धता, भूजल स्तर में सुधार और जल संरचनाओं के निर्माण से ग्रामीण जनता को जल संकट में राहत मिलती है।
6. क्या इस योजना में धन सहयोग भी किया जा सकता है?
हाँ, आम लोग और संगठन दान के माध्यम से सहयोग भी कर सकते हैं (स्थानीय प्रावधानों के अनुसार)।
7. योजना का लक्ष्य क्या है?
राज्य को जल आत्मनिर्भर और सतत जल प्रबंधन वाली इकाई बनाना।
