मुख्यमंत्री युवा कौशल योजना (MMYKY) राजस्थान सरकार द्वारा राज्य के युवाओं को कौशल प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए शुरू की गयी एक प्रमुख पहल है। इस योजना का उद्देश्य खासकर उन युवाओं को रोजगार देने योग्य कौशल देना है जो सरकारी महाविद्यालयों में अध्ययनरत हैं या बेरोजगार हैं, ताकि वे आत्म-निर्भर बन सकें और रोजगार प्राप्त कर सकें।
यह योजना राजस्थान कौशल और आजीविका विकास निगम (RSLDC) के माध्यम से लागू की जाती है और इसमें कौशल प्रशिक्षण, रोजगार सहायता और उद्योग-विशेष प्रशिक्षण शामिल हैं।
राज्य में इस योजना का 2.0 चरण भी आरंभ किया गया है, जिसके तहत सुविधाओं के दायरे को और भी व्यापक किया जा रहा है।
योजना का उद्देश्य
- युवाओं को रोजगार-योग्य कौशल प्रशिक्षण प्रदान करना।
- राजकीय महाविद्यालयों के छात्रों में इंडस्ट्री-संबंधित कौशल विकसित करना।
- रोजगार के अवसरों को बढ़ाना और युवा सशक्तिकरण को बढ़ावा देना।
योजना के प्रमुख लाभ
- निशुल्क कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है।
- महाविद्यालयों में पढ़ रहे छात्रों को रोजगार-उन्मुख कौशल सिखाया जाता है।
- सफल प्रशिक्षण के बाद रोजगार के अवसरों में सुधार होता है।
- योजना में शामिल प्रशिक्षण को रोजगार-संबंधी प्रमाणन भी मिलता है।
पात्रता (Eligibility Criteria)
योजना का लाभ पाने के लिए आवेदक को निम्न पात्रता मानदंड पूरा करना अनिवार्य है:
- आवेदक राजस्थान का स्थायी निवासी होना चाहिए।
- योजना राजकीय महाविद्यालयों में नियमित अध्ययनरत छात्रों के लिए है।
- केवल स्नातक (द्वितीय/तृतीय वर्ष) और स्नातकोत्तर (पूर्वार्ध/उत्तरार्ध) के विद्यार्थी पात्र हैं।
- आवेदक को आवेदन के समय संबंधित कॉलेज का पहचान-प्रमाण पत्र दिखाना होगा।
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के लिए नीचे दिए दस्तावेज रखना अनिवार्य है:
- आधार कार्ड
- स्थायी निवास प्रमाण पत्र
- महाविद्यालय का वैध पहचान पत्र
- अध्ययनरत वर्ष का प्रमाण
योजना के तहत सहायता / लाभ
योजना में मुख्य रूप से निम्न सहायता शामिल हैं:
✔️ निशुल्क कौशल विकास प्रशिक्षण
✔️ रोजगार-उन्मुख कोर्सेस जैसे सॉफ्ट स्किल और डोमेन-बेस्ड कौशल
✔️ प्रशिक्षण प्रमाणपत्र
✔️ रोजगार/इंटर्नशिप सहायता
2.0 चरण में कई विशेष पाठ्यक्रम उपलब्ध करवाए जा रहे हैं, जिसमें 16 से अधिक निशुल्क कौशल कोर्स शामिल हैं।
आवेदन प्रक्रिया (Step-by-Step)
Online / Offline (मुख्यतः ई-मित्र आधारित)
- अपने नजदीकी ई-मित्र केंद्र पर जाएँ।
- ई-मित्र एजेंट से आवेदन फार्म भरवाएँ।
- आवश्यक दस्तावेज जमा करें।
- सच्चाई और सत्यापन के बाद आवेदन जमा करें।
- सत्यापन पूरा होने पर अधिकारी द्वारा आवेदन मंजूर किया जाएगा।
आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण की सुविधा भी उपलब्ध हो सकती है, लेकिन इसकी विस्तृत गाइडलाइन RSLDC पोर्टल पर समय-समय पर जारी होती है।
Latest Updates / Current Facts (2025–26)
- योजना का 2.0 चरण कार्यान्वित किया गया है और राज्य के राजकीय महाविद्यालयों में विद्यार्थियों के लिए कई निशुल्क कौशल पाठ्यक्रम शुरू किए गए हैं।
- RSLDC द्वारा योजनाओं के लिए आवेदकों/केंद्रों की Empanelment नोटिफिकेशन जारी की गई है, जो 2026-27 प्रशिक्षण कार्य के लिए तैयारी संकेत देता है।
- प्रशिक्षण कार्यक्रम राजस्थान भर के विभिन्न महाविद्यालयों में उपलब्ध कराए जाएंगे।
आधिकारिक वेबसाइट व हेल्पलाइन
Rajasthan Skill and Livelihoods Development Corporation (RSLDC) Portal: https://livelihoods.rajasthan.gov.in/rsldc/
योजना से संबंधित नवीनतम नोटिफिकेशन इसी पोर्टल पर प्रकाशित होते हैं।
हेल्पलाइन: राजस्थान कौशल एवं आजीविका विकास निगम के स्थानीय कार्यालयों के माध्यम से उपलब्ध।
FAQs
Q1. मुख्यमंत्री युवा कौशल योजना क्या है?
Ans: यह राजस्थान सरकार की योजना है जो राज्य के युवाओं और कॉलेज छात्रों को निशुल्क कौशल प्रशिक्षण और रोजगार-परक शिक्षा देती है।
Q2. किसे आवेदन करने का अधिकार है?
Ans: राजस्थान के स्थायी निवासी जो राजकीय महाविद्यालय में अध्ययनरत हैं, वे पात्र हैं।
Q3. आवेदन कैसे करें?
Ans: आवेदन ई-मित्र केंद्र से अथवा समय-समय पर जारी ऑनलाइन पोर्टल निर्देशों के अनुसार होता है।
Q4. क्या प्रशिक्षण मुफ्त है?
Ans: हाँ, कौशल प्रशिक्षण और कोर्स निशुल्क प्रदान किये जाते हैं।
Q5. क्या योजना में रोजगार सहायता भी मिलेगी?
Ans: हाँ, कौशल प्रशिक्षण के बाद रोजगार प्राप्त करने में सहायता और रोजगार-योग्यता सर्टिफिकेट मिलता है।
Q6. क्या 2.0 चरण में नए कोर्स हैं?
Ans: हाँ, योजना के 2.0 चरण में कई निशुल्क कौशल पाठ्यक्रम उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
Q7. क्या यह योजना केवल कॉलेज छात्रों के लिए है?
Ans: वर्तमान रूप से यह मुख्यतः राजकीय महाविद्यालयों के नियमित छात्रों पर केंद्रित है।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री युवा कौशल योजना राजस्थान के युवाओं को कौशल-आधारित शिक्षा और रोजगार-सक्षम अवसर प्रदान करने वाला एक महत्वपूर्ण सरकारी प्रयास है। यह योजना छात्रों और बेरोजगार युवाओं को रोजगार-परक कौशल सिखाकर उन्हें आत्म-निर्भर बनाती है।
